डूंगरपुर जिले के काब्जा गांव में बीती रात एक लेपर्ड (पैंथर) के खुलेआम घूमने का मामला सामने आया है, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है. गांव के प्रसिद्ध कल्लाजी मंदिर की सीढ़ियों से उतरते हुए लेपर्ड का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. आबादी क्षेत्र के इतने करीब वन्यजीव की मौजूदगी ने ग्रामीणों की रातों की नींद उड़ा दी है.
कैमरे में कैद हुआ खौफनाक मंजर
जानकारी के अनुसार, यह घटना बीती रात की है जब लेपर्ड पहाड़ियों से निकलकर गांव की सीमा में दाखिल हुआ. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि लेपर्ड कल्लाजी मंदिर की सीढ़ियों से बड़े आराम से नीचे उतर रहा है. उसी दौरान वहां से गुजर रहे कुछ कार सवारों की नजर उस पर पड़ी, जिन्होंने मोबाइल के जरिए इस पूरे वाकये को रिकॉर्ड कर लिया. मंदिर की सीढ़ियों से सड़क पर आने के बाद, लेपर्ड ने पास के एक परकोटे (दीवार) पर लंबी छलांग लगाई और देखते ही देखते खेतों के अंधेरे में ओझल हो गया.
100 घरों की आबादी के पास मूवमेंट, बढ़ा खतरा
लेपर्ड जिस स्थान पर देखा गया, उसके ठीक दूसरी ओर गांव की घनी बस्ती शुरू होती है, जहां करीब 100 से अधिक परिवार निवास करते हैं. आबादी के इतने नजदीक लेपर्ड के पहुंचने से ग्रामीण काफी डरे हुए हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि इस क्षेत्र में लेपर्ड का मूवमेंट पहले भी रहा है और पूर्व में कई मवेशियों को शिकार बनाने की घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं. ग्रामीणों को डर है कि कहीं अब यह हिंसक वन्यजीव इंसानों पर हमला न कर दे.
वन विभाग से पिंजरा लगाने की मांग
घटना के बाद से ही काब्जा गांव के लोग शाम ढलते ही घरों में दुबकने को मजबूर हैं. ग्रामीणों ने वन विभाग के अधिकारियों से गुहार लगाई है कि गांव के आसपास तत्काल पिंजरा लगाया जाए और लेपर्ड को रेस्क्यू कर सुरक्षित जंगल में छोड़ा जाए. ग्रामीणों का कहना है कि जब तक पैंथर पकड़ा नहीं जाता, तब तक बच्चों और मवेशियों की सुरक्षा को लेकर बड़ा खतरा बना रहेगा.

