डूंगरपुर प्रदेश की गौरवशाली संस्कृति और विरासत के प्रतीक ‘राजस्थान दिवस’ के उपलक्ष्य में डूंगरपुर जिले में दो दिवसीय विशेष कार्यक्रमों का भव्य आगाज बुधवार से हो गया है. उत्सव की शुरुआत शहर के प्रसिद्ध मुरला गणेश मंदिर में आयोजित सामूहिक मंगल आरती के साथ हुई, जहाँ पूरा वातावरण भक्ति और उत्साह के रंग में डूबा नजर आया.
महाआरती में उमड़ा जनसैलाब
बुधवार सुबह मुरला गणेश मंदिर में आयोजित इस धार्मिक कार्यक्रम में जिला कलेक्टर अंकित कुमार सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक पटेल, पूर्व सांसद कनकमल कटारा और वरिष्ठ नेता बंशीलाल कटारा सहित जिले के कई आला अधिकारी और जनप्रतिनिधि शामिल हुए.
मंदिर परिसर में मंत्रोच्चार के बीच सभी उपस्थित अतिथियों और श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश की महाआरती उतारी. इस अवसर पर सामूहिक रूप से प्रदेश और डूंगरपुर जिले में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली की मंगल कामना की गई. श्रद्धालुओं के भारी उत्साह ने इस प्रशासनिक आयोजन को एक सामुदायिक उत्सव का रूप दे दिया.
संस्कृति और विरासत का संदेश
कार्यक्रम के दौरान जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने राजस्थान दिवस को गौरवपूर्ण तरीके से मनाने का संदेश दिया. वक्ताओं ने कहा कि इस तरह के आयोजनों का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना और प्रदेश के गौरव को जन-जन तक पहुँचाना है.
आज गेपसागर की पाल पर सजेगी दीपों की कतार
दो दिवसीय महोत्सव के दूसरे चरण में आज, 19 मार्च को शहर के ऐतिहासिक गेपसागर झील की पाल पर भव्य ‘दीपदान’ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा. प्रशासन द्वारा इस दीपोत्सव के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. शाम ढलते ही गेपसागर की पाल हजारों दीपों की रोशनी से जगमगा उठेगी, जो शहरवासियों के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र होगा.
जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में गेपसागर की पाल पर पहुँचकर इस दीपदान कार्यक्रम का हिस्सा बनें और राजस्थान दिवस के इस गौरवमयी आयोजन को सफल बनाएं.

