बांसवाड़ा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सोमवार को बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ क्षेत्र के चूड़ादा गांव पहुंचे. यहाँ एकलव्य मॉडल स्कूल में आयोजित ‘सीएम ग्राम विकास रात्रि चौपाल’ के दौरान उन्होंने ग्रामीणों और विशेषकर राजीविका (RAJVIKA) महिला स्वयं सहायता समूह की दीदियों से सीधा संवाद किया. इस दौरान ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री को बांसवाड़ा की परंपरा का प्रतीक ‘तीर-कमान’ भेंट कर उनका भव्य स्वागत किया.
चुनावी नहीं, यह विकास की चौपाल है
चौपाल को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा,
“मैं आज यहाँ किसी चुनावी सभा के लिए नहीं आया हूँ, बल्कि आपके गांव के विकास और आपकी समस्याओं को जानने आया हूँ. देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और हमारी सरकार ने हमेशा आपकी चिंता की है.”
उन्होंने वर्ष 2014 का जिक्र करते हुए कहा कि पीएम मोदी ने सबसे पहले देश की माता-बहनों और बेटियों की सुध ली. ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान ने महिला सशक्तिकरण को नई गति दी है, जिससे आज बेटियां आसमान की बुलंदियों को छू रही हैं.
राजीविका दीदियों से सीधा संवाद: “पहले पति टोकते थे, अब खुद छोड़ने आते हैं”
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में मौजूद राजीविका समूह की महिलाओं से आत्मीय बातचीत की. संवाद के दौरान समूह की दीदी श्रीमती लीला खराड़ी ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि शुरुआत में घर से बाहर निकलने पर पति टोकते थे, लेकिन आत्मनिर्भर बनने के बाद अब पति खुद गाड़ी पर बैठाकर काम पर छोड़ने आते हैं. उन्होंने बताया कि समूह के माध्यम से वे हर महीने 15 से 20 हजार रुपए तक कमा रही हैं.
लखपति दीदी से अब ‘मिलेनियर दीदी’ बनाने का लक्ष्य
महिलाओं की सफलता की कहानियां सुनकर मुख्यमंत्री ने उनका हौसला बढ़ाया और आह्वान किया कि वे अपने गांव की अन्य बहनों को भी योजनाओं से जोड़ें. सीएम ने कहा,
“हमारी सरकार का लक्ष्य केवल ‘लखपति दीदी’ बनाना ही नहीं, बल्कि आपको ‘मिलेनियर दीदी’ (करोड़पति) बनाना है, जिससे हमारे देश और प्रदेश का नाम रोशन हो सके.”
इससे पहले, हेलीपैड पर जनजातीय क्षेत्रीय विकास (TAD) मंत्री बाबूलाल खराड़ी, भाजपा पदाधिकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने मुख्यमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया.

