डूंगरपुर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने बांसवाड़ा प्रवास के दौरान डूंगरपुर में रुककर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं की सघन समीक्षा की. स्थानीय उदय विलास पैलेस में आयोजित एक महत्वपूर्ण उच्च स्तरीय बैठक में उन्होंने चिकित्सा अधिकारियों को दोटूक निर्देश दिए कि अस्पतालों को पूरी तरह संक्रमण मुक्त रखा जाए और मरीजों व प्रसूताओं को गुणवत्तापूर्ण व बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराई जाएं.
बैठक में डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. एस. बालामुरुगनवेलु, जिला अस्पताल अधीक्षक डॉ. महेंद्र डामोर, उप अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ सिंह और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. अलंकार गुप्ता सहित विभाग के कई आला अधिकारी मौजूद रहे. अधिकारियों ने मंत्री को जिले में संचालित स्वास्थ्य योजनाओं और अस्पतालों की वर्तमान व्यवस्थाओं की विस्तृत रिपोर्ट सौंपी। मंत्री ने संक्रमण नियंत्रण और स्वच्छता को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए.

नर्सिंग संघर्ष समिति ने सौंपा मांगों का ज्ञापन
बैठक के दौरान राजस्थान नर्सेज संयुक्त संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमंडल ने स्वास्थ्य मंत्री खींवसर से मुलाकात कर अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर एक ज्ञापन सौंपा. समिति ने विशेष रूप से टीएसपी (TSP) क्षेत्र के नर्सिंग अभ्यर्थियों सहित संविदा, निविदा, यूटीबी (UTB) और विभिन्न सरकारी योजनाओं में लंबे समय से कार्यरत नर्सिंग कार्मिकों की गंभीर समस्याओं से मंत्री को अवगत कराया.
ज्ञापन में रखी गई प्रमुख मांगें:
- अनुभव आधारित मेरिट और 10, 20, 30 बोनस अंकों के आधार पर नर्सिंग ऑफिसर व एएनएम (ANM) की शीघ्र नियमित भर्ती आयोजित की जाए.
- नर्सिंग ऑफिसर के 12 हजार और एएनएम के 7 हजार पदों पर नई भर्ती निकाली जाए.
- टीएसपी क्षेत्र के अभ्यर्थियों के लिए अलग से पद स्वीकृत किए जाएं.
- सीएसआर (CSR) भर्ती प्रक्रिया से प्रभावित नर्स ग्रेड-द्वितीय कार्मिकों की तुरंत सेवा बहाली हो और अस्पतालों में रिक्त पड़े पदों को जल्द भरा जाए.
स्वास्थ्य मंत्री ने दिया नियमित भर्ती का भरोसा
नर्सिंग कर्मियों की मांगों को ध्यान से सुनने के बाद स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने उन्हें आश्वस्त किया कि सरकार अनुभव आधारित मेरिट और बोनस अंकों के आधार पर नर्सिंग ऑफिसर भर्ती आयोजित करने पर गंभीरता से विचार कर रही है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि टीएसपी क्षेत्र में नियमित भर्ती की कमी और स्थानीय युवाओं की समस्याओं पर जल्द ही सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा. इसके साथ ही उन्होंने सीएसआर प्रभावित नर्स ग्रेड-द्वितीय कार्मिकों की सेवा बहाली को लेकर भी उचित पहल करने का आश्वासन दिया.

