डूंगरपुर जिले के सीमलवाड़ा कस्बे में प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाओ अभियान लगातार दूसरे दिन भी जारी रहा. गुरुवार को भारी पुलिस जाप्ते के साथ प्रशासन की टीम मुख्य बाजार और सार्वजनिक स्थानों पर पहुँची, जहाँ अवैध कब्जों और अस्थायी निर्माणों को हटाया गया. इस दौरान कार्रवाई का विरोध करने पर पुलिस ने एक व्यापारी को हिरासत में ले लिया.
भारी पुलिस बल के साथ उतरी टीम
गुरुवार सुबह करीब 11 बजे उपखंड अधिकारी (SDO) विवेक गुर्जर के नेतृत्व में प्रशासनिक और पुलिस की संयुक्त टीम कस्बे के मुख्य बाजार पहुँची. इस टीम में तहसीलदार अशोक शाह, विकास अधिकारी (BDO) ललित कुमार पंड्या, धंबोला थानाधिकारी देवेंद्र देवल और चौकी प्रभारी सकाराम परमार सहित नगर पालिका का दस्ता और भारी पुलिस बल मौजूद रहा.
विरोध और तनाव की स्थिति
प्रशासनिक टीम ने जब सड़क किनारे और सार्वजनिक स्थानों पर किए गए अस्थायी अतिक्रमण पर कार्रवाई शुरू की, तो कई दुकानदारों ने स्वेच्छा से अपना सामान हटा लिया. हालांकि, अभियान के दौरान एक व्यापारी टीम के साथ उलझ गया और कार्रवाई का कड़ा विरोध करने लगा. इससे मौके पर कुछ समय के लिए तनाव की स्थिति बन गई. कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप करते हुए उक्त व्यापारी को हिरासत में ले लिया, जिसके बाद स्थिति पर काबू पाया जा सका.
SDO की चेतावनी: “स्वेच्छा से हटाएँ, वरना वसूली जाएगी लागत”
उपखंड अधिकारी विवेक गुर्जर ने मौके पर मौजूद अन्य व्यापारियों से संवाद किया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में समझाइश दी कि व्यापारी अपनी दुकानों के बाहर से अतिक्रमण स्वयं हटा लें. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय के भीतर अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो प्रशासन सख्त कार्रवाई करेगा और हटाने का पूरा खर्च संबंधित व्यापारी से ही वसूला जाएगा.
यातायात में सुधार, आमजन ने किया समर्थन
प्रशासन की इस दो दिवसीय कार्रवाई के बाद सीमलवाड़ा कस्बे के मुख्य बाजार और सड़कों पर आवाजाही सुगम हुई है. लंबे समय से अतिक्रमण के कारण लग रहे जाम से परेशान आमजन ने प्रशासन के इस कदम का स्वागत और समर्थन किया है. प्रशासन ने साफ कर दिया है कि भविष्य में दोबारा अतिक्रमण करने वालों पर और भी कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी.

