प्रतापगढ छोटी काशी के नाम से प्रसिद्ध प्रतापगढ़ शहर में अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर भगवान विष्णु के छठे अवतार भगवान परशुराम की जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई. इस अवसर पर विप्र फाउंडेशन, सर्व समाज और सकल ब्राह्मण समाज द्वारा शस्त्र पूजन, हवन, रक्तदान शिविर और भव्य शोभायात्रा सहित विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया.
हवन और शस्त्र पूजन से हुई शुरुआत
उत्सव का आगाज एमजी रोड स्थित परशुराम चौराहे पर हुआ, जहाँ वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भव्य हवन और शस्त्र पूजन किया गया. समाज के लोगों ने भगवान परशुराम के आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया. इसके बाद नगर परिषद परिसर से एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई.
शोभायात्रा का जगह-जगह स्वागत

बैंड-बाजों और जयकारों के साथ निकली यह शोभायात्रा शहर के मुख्य मार्गों—सूरजपोल चौराहा, धान मंडी, निचला बाजार और झंडा गली से होते हुए नरसिंह घाट स्थित तालाब रोड पर संपन्न हुई. शोभायात्रा के दौरान भगवान परशुराम की आकर्षक झांकी आकर्षण का केंद्र रही, जिसका शहरवासियों ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया.
संतों का सानिध्य और प्रतिभाओं का सम्मान
कार्यक्रम के मुख्य समारोह में अंतर्राष्ट्रीय राम स्नेही संप्रदाय शाहजहांपुर के परम पूज्य गुरुदेव श्री शंभू राम महाराज और संत मीरा पीठ गधर की साध्वी मां अर्पण मेनारिया ने शिरकत की। संतों ने अपने मंगल प्रवचनों में भगवान परशुराम के जीवन चरित्र और धर्म की रक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला.
इस दौरान समाज की शैक्षणिक प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के लिए 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2025 तथा वर्तमान सत्र के उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया.
रक्तदान शिविर
जयंती के उपलक्ष्य में जिला चिकित्सालय प्रतापगढ़ में एक रक्तदान शिविर भी आयोजित किया गया, जिसमें युवाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया. आयोजकों ने बताया कि आगामी दिनों में युवा शक्ति के प्रदर्शन के लिए विशेष शस्त्र कला प्रदर्शन कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा. पूरे आयोजन में समाज के विभिन्न संगठनों का सक्रिय सहयोग रहा.

