डूंगरपुर जिला मुख्यालय के सदर थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत गामड़ी देवल में लगातार हो रही चोरियों की वारदातों से परेशान ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा. क्षेत्र में बढ़ रही आपराधिक गतिविधियों और पुलिस प्रशासन की शिथिलता के विरोध में भारी संख्या में ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट पर उग्र प्रदर्शन किया. इसके बाद ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर चोरियों का जल्द खुलासा करने और गांव में सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने की मांग की है.
3 साल से लगातार चोरियां, पुलिस के हाथ अब तक खाली
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने बताया कि गामड़ी देवल गांव में पिछले 3 वर्षों से लगातार चोरियां हो रही हैं. पूर्व में बाबूलाल डामोर, अशोक कुमार अहारी, दाई नाथा पटेल, कचरू यादव, कांतिलाल कलाल और रवि कुमार जैन सहित कई ग्रामीणों के घरों और दुकानों को चोर निशाना बना चुके हैं. इन सभी मामलों की रिपोर्ट सदर थाना और देवल पुलिस चौकी में दर्ज कराई जा चुकी है, लेकिन लंबा समय बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी तक एक भी चोरी का खुलासा नहीं कर पाई है. पुलिस की इस विफलता के कारण चोरों के हौसले बुलंद हैं और पूरे गांव में डर का माहौल है.
एक ही रात में कई जगह ताले चटकाए
हाल ही में 7 जुलाई 2026 की रात को भी बेखौफ चोरों ने एक साथ कई घरों और दुकानों के ताले चटका दिए. इस वारदात के दौरान कुछ मकानों और दुकानों से धारदार हथियार और लोहे के औजार भी बरामद हुए हैं, जिससे ग्रामीणों में दहशत और बढ़ गई है. ग्रामीणों ने पुलिस की गश्त प्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं. उनका कहना है कि पुलिस की गाड़ी का सायरन सुनकर बदमाश पहले ही सतर्क होकर छिप जाते हैं और जैसे ही गाड़ी निकलती है, वारदात को अंजाम देकर आसानी से फरार हो जाते हैं. इसके अलावा, गांव में चल रही अवैध शराब की दुकानों और बाहरी संदिग्ध लोगों की आवाजाही भी अपराध बढ़ने का मुख्य कारण है.

