डूंगरपुर/खेरवाड़ा: उदयपुर जिले की खेरवाड़ा तहसील से एक सनसनीखेज और दर्दनाक हादसा सामने आया है. यहां सोमवार शाम को नदी में अवैध रूप से तोता बम से मछली पकड़ने के दौरान एक बड़ा विस्फोट हो गया. बम फेंकने से पहले ही युवक के हाथ में फट गया, जिससे उसके दोनों हाथ उड़ गए और चेहरा बुरी तरह झुलस गया. गंभीर हालत को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद युवक को उदयपुर अस्पताल रेफर कर दिया गया है.
मछली पकड़ने के दौरान हुआ बड़ा हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, खेरवाड़ा तहसील निवासी विकास (युवक) सोमवार शाम को पास ही स्थित नदी में मछली पकड़ने गया था. मछलियों को आसानी से शिकार बनाने के लिए वह प्रतिबंधित ‘तोता बम’ का इस्तेमाल कर रहा था. जैसे ही उसने बम में आग लगाई और उसे पानी में फेंकने की कोशिश की, उसी पल बम हाथ में ही धमाके के साथ फट गया.
विस्फोट के बाद मचा हड़कंप, जिला अस्पताल से उदयपुर रेफर
धमाका इतना तेज था कि युवक के दोनों हाथ बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और उसके चेहरे पर गंभीर घाव आए. हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई. सूचना मिलते ही एंबुलेंस सेवा के ईएमटी नितिन मीणा और पायलट पोपटलाल तुरंत मौके पर पहुंचे. उन्होंने लहूलुहान हालत में युवक को खेरवाड़ा के स्थानीय अस्पताल पहुंचाया.
खेरवाड़ा में डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार देकर उसकी नाजुक स्थिति को देखते हुए डूंगरपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया. डूंगरपुर में भी डॉक्टरों ने प्राथमिक इलाज के बाद उसकी जान बचाने के लिए देर रात उदयपुर के महाराणा भूपाल (MB) अस्पताल रेफर कर दिया, जहां उसकी हालत बेहद गंभीर बनी हुई है.
पानी में बम का इस्तेमाल अत्यंत जानलेवा
नदी और तालाबों में मछली पकड़ने के लिए बारूद या तोता बम का इस्तेमाल गैर-कानूनी और बेहद जानलेवा है. स्थानीय प्रशासन लगातार ऐसे जानलेवा तरीकों से बचने की चेतावनी देता रहा है, लेकिन इसके बावजूद लोग जल्दबाजी और अधिक शिकार के चक्कर में अपनी जान जोखिम में डाल देते हैं.

