डूंगरपुर जिले के आसपुर ब्लॉक के अंतर्गत राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूल (राउप्रावि) गोठमहुड़ी में गुरुवार सुबह पहली बारिश के दौरान एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया. स्कूल के बरामदे की छत का प्लास्टर अचानक भरभराकर नीचे आ गिरा. गनीमत यह रही कि घटना के समय सभी छात्र अपनी-अपनी कक्षाओं में थे, जिससे एक गंभीर और बड़ा हादसा होने से बच गया.
सरिए झूलने लगे बाहर, डरे बच्चे
संस्था प्रधान मांगीलाल पांचाल ने बताया कि सुबह के समय जब पहली बारिश शुरू हुई, तो अचानक बरामदे की छत से प्लास्टर टूटकर मलबे के साथ नीचे गिर गया. प्लास्टर गिरने के बाद छत के भीतर लगे लोहे के सरिए भी बाहर निकलकर हवा में झूलने लगे, जिसने स्कूल भवन की बेहद जर्जर और खतरनाक स्थिति को उजागर कर दिया है.
कक्षाओं में थे छात्र, वरना हो सकती थी अनहोनी
यह घटना लंच ब्रेक (मध्यांतर) से ठीक पहले हुई. उस समय स्कूल के सभी विद्यार्थी अपनी-अपनी कक्षाओं में बैठकर अध्ययन कर रहे थे. ग्रामीणों और शिक्षकों का कहना है कि यदि यह हादसा लंच ब्रेक के दौरान होता, जब बच्चे बरामदे में खेलते या घूमते हैं, तो कई मासूम गंभीर रूप से घायल हो सकते थे.
सर्वे के बाद भी कार्रवाई नहीं, ग्रामीणों में आक्रोश
स्थानीय ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग और प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए बताया कि पिछले वर्ष सरकार ने सभी जर्जर स्कूल भवनों का सर्वे कर उन्हें तुरंत हटाने के निर्देश दिए थे. इसके बावजूद विभागीय स्तर पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिसका नतीजा है कि ऐसे जर्जर भवन आज भी मासूम बच्चों की जिंदगी के लिए खतरा बने हुए हैं. ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से स्कूल भवन का तत्काल तकनीकी निरीक्षण करवाने और छात्रों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की पुरजोर मांग की है.

