बम्बोरी मानसून के आगमन से पहले क्षेत्र में बिजली आपूर्ति को सुचारू और व्यवधान मुक्त बनाए रखने के लिए विद्युत विभाग पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है. विभाग द्वारा क्षेत्र में बड़े स्तर पर बिजली लाइनों और उपकरणों के रखरखाव (मेंटेनेंस) का अभियान शुरू किया गया है, ताकि बारिश के मौसम में उपभोक्ताओं को ट्रिपिंग और अघोषित बिजली कटौती से निजात मिल सके.
उपकरणों की मरम्मत और सुरक्षा पर फोकस
विभागीय अधिकारियों के निर्देश पर तकनीकी कर्मचारियों की टीमों ने क्षेत्र का दौरा कर काम शुरू कर दिया है. इस अभियान के तहत मुख्य रूप से निम्नलिखित कार्य किए जा रहे हैं:
- निरीक्षण और मरम्मत: क्षेत्र के सभी छोटे-बड़े ट्रांसफार्मरों, विद्युत पोलों और मुख्य फीडरों का बारीकी से निरीक्षण किया जा रहा है. जर्जर हो चुके तारों और ढीले कनेक्शनों को दुरुस्त किया जा रहा है ताकि शॉर्ट-सर्किट के खतरों को टाला जा सके.
- संरचनाओं का रंग-रोगन: जंग और मौसम की मार से बचाने के लिए विद्युत ढांचों और पोलों पर रंग-रोगन (पेंटिंग) का कार्य भी शुरू किया गया है. इससे उपकरणों की उम्र बढ़ेगी और दूर से उनकी पहचान भी स्पष्ट हो सकेगी.
- पेड़ों की छंटाई: मानसून के दौरान तेज हवा और बारिश से अक्सर पेड़ों की टहनियां टूटकर बिजली के तारों पर गिर जाती हैं, जिससे लाइन फॉल्ट हो जाता है. इससे निपटने के लिए तारों के पास आ रही पेड़ों की डालियों को छांटा जा रहा है.
ग्रामीणों ने किया पहल का स्वागत
विद्युत विभाग की इस समयबद्ध तैयारी को देखकर स्थानीय ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है. ग्रामीणों ने विभाग के इस कदम की सराहना करते हुए मांग की है कि ग्रामीण इलाकों में भी इस नियमित रखरखाव को जारी रखा जाए, ताकि बारिश के दिनों में घंटों बिजली गुल रहने की समस्या से बचा जा सके.
विभाग का संदेश: विद्युत विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यह अभियान मानसून के दौरान संभावित दुर्घटनाओं को रोकने और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए चलाया जा रहा है. कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पूरा ध्यान रखा जा रहा है. मानसून से पहले इन सभी कार्यों को पूरा कर लिया जाएगा, जिससे क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था अधिक सुरक्षित और मजबूत होगी.

