राजसमंद जिले के केलवाड़ा थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक प्रभावशाली नेता की शह पर आदिवासी परिवार की जमीन और मकान पर कब्जा करने की साजिश का आरोप लगा है. पीड़ित परिवार ने घर में घुसकर जानलेवा हमला करने, तोड़फोड़ करने और जातिसूचक गालियां देने का गंभीर आरोप लगाते हुए जिला पुलिस अधीक्षक (SP) से न्याय की गुहार लगाई है. मामले में पूर्व सरपंच सहित 18 नामजद और 20 अन्य लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है.
धारदार हथियारों से हमला और तोड़फोड़ का आरोप
एसपी को सौंपी गई शिकायत में कल्याणा गांव निवासी किसान किशन भील (पुत्र चतराराम भील) ने बताया कि 17 जुलाई 2026 की सुबह आरोपी अचानक उसके घर और बगीचे में जबरन घुस आए. आरोपियों ने बड़े पत्थरों और धारदार हथियारों से परिवार पर हमला कर दिया. इस हमले में पीड़ित किशन के सिर, आंख, हाथ के अंगूठे सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं. पीड़ित का आरोप है कि हमलावरों ने घर और बगीचे में जमकर तोड़फोड़ की, जिससे करीब एक लाख रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ है.
महिला से अभद्र व्यवहार और मंत्री के नाम पर धमकी
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि मारपीट के दौरान पीड़ित की पत्नी के साथ बेहद अभद्र व्यवहार किया गया. आरोपियों ने पूरे परिवार को जातिसूचक गालियां दीं और जान से मारने की धमकी दी. पीड़ित का कहना है कि आरोपियों ने एक कैबिनेट मंत्री का नाम लेकर उन्हें धमकाया और दावा किया कि उन्हें प्रशासन व पुलिस का पूरा संरक्षण प्राप्त है. इस रसूख के दम पर पीड़ित परिवार पर मामले को रफा-दफा करने और समझौते का दबाव बनाया जा रहा है.
कड़ी कार्रवाई और निष्पक्ष जांच की मांग
पीड़ित किसान ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि सभी आरोपियों के खिलाफ तुरंत एफआईआर (FIR) दर्ज की जाए, घायलों का मेडिकल परीक्षण कराया जाए और घटना में इस्तेमाल की गई जेसीबी (JCB) को जब्त किया जाए. पीड़ित ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है.

