डूंगरपुर जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार (IPS) के निर्देशन में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन शिकंजा’ के तहत कोतवाली थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. पुलिस ने अंतराज्यीय महिला चोर गिरोह के मुख्य सरगना और 2000 रुपये के इनामी अपराधी कमलेेेश चौधरी को गिरफ्तार किया है. आरोपी उदयपुर के गौवर्धन विलास थाने का हिस्ट्रीशीटर है और उसके खिलाफ अलग-अलग जिलों में दो दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं.
रोडवेज बस में हुई थी गहनों की चोरी
घटना का विवरण देते हुए पुलिस ने बताया कि 1 मार्च 2026 को अशोक नगर निवासी मधुबाला जैन ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी. वे अपनी पुत्री के साथ डूंगरपुर से निठाउवा जाने के लिए रोडवेज बस में चढ़ी थीं. बस में भारी भीड़ का फायदा उठाकर अज्ञात बदमाशों ने उनके हैंडबैग से 4 सोने की चूड़ियां (वजन 4-5 तोला) और एक जोड़ी सोने के टॉप्स (वजन आधा तोला) चोरी कर लिए थे.
यूं चढ़ा पुलिस के हत्थे शातिर बदमाश
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकेश सांखला और वृत्ताधिकारी तपेन्द्र मीणा के मार्गदर्शन में कोतवाली थानाधिकारी अजय सिंह राव की टीम ने मुखबिर की सूचना और पारंपरिक पुलिसिंग के आधार पर कार्रवाई की. पुलिस ने आरोपी कमलेश पिता दयाल चौधरी (30 वर्ष), निवासी स्वरूपगंज (सिरोही) को गिरफ्तार कर उससे चोरी किए गए जेवरात बरामद कर लिए हैं.
महिलाओं की गैंग बनाकर करता था वारदात
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी बेहद शातिर किस्म का अपराधी है. वह महिलाओं की एक संगठित गैंग बनाता था और त्योहारों, मेलों या भीड़-भाड़ वाले सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल होता था. भीड़ का फायदा उठाकर यह गैंग महिलाओं के गले से चैन और बैग से जेवरात पार कर देती थी. चोरी के बाद कमलेश माल को सुरक्षित स्थान पर पहुँचाने का काम करता था.
दर्ज हैं 27 आपराधिक मामले
पकड़ा गया अभियुक्त आदतन अपराधी है. उसके खिलाफ उदयपुर, पाली और सिरोही के विभिन्न थानों में चोरी, नकबजनी, हत्या का प्रयास, आर्म्स एक्ट और पॉक्सो एक्ट के तहत कुल 27 प्रकरण दर्ज हैं.
कार्यवाही टीम में शामिल सदस्य:
- अजय सिंह राव (थानाधिकारी)
- लक्ष्मण सिंह (हैड कानि.)
- नरेन्द्र सिंह (कानि.)
- रविन्द्र सिंह (कानि.)

