उदयपुर के स्वरूप सागर तालाब पर मंगलवार अलसुबह एक बड़ा हादसा टल गया, जब एक डिप्रेशन से पीड़ित बुजुर्ग महिला ने आत्महत्या के इरादे से पानी में छलांग लगा दी. हालांकि, मौके पर मुस्तैद पुलिस की ‘कलिका टीम’ की महिला कांस्टेबलों की तत्परता और अदम्य साहस के कारण बुजुर्ग महिला की जान सुरक्षित बच गई.
देवदूत बनकर पहुंचीं कलिका टीम की कांस्टेबल

जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह बुजुर्ग महिला विमला देवी स्वरूप सागर झील के पास पहुंचीं और अचानक पानी में कूद गईं. ठीक उसी दौरान गश्त कर रही ‘कलिका पेट्रोलिंग टीम’ की सदस्य भंवर कंवर और हेड कांस्टेबल सुनीता वहां से गुजर रही थीं. महिला को डूबता देख दोनों पुलिसकर्मियों ने बिना एक पल गंवाए तुरंत कार्रवाई की. उन्होंने बिना अपनी जान की परवाह किए स्थानीय लोगों की मदद से महिला को सुरक्षित पानी से बाहर निकाल लिया.
तनाव में थीं महिला, तुरंत पहुँचाया गया अस्पताल
रेस्क्यू के तुरंत बाद पुलिसकर्मियों ने बिना एम्बुलेंस का इंतजार किए आसपास के लोगों के सहयोग से ऑटो के जरिए बुजुर्ग महिला को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज जारी है और उनकी स्थिति गंभीर लेकिन स्थिर बताई जा रही है.
प्राथमिक पूछताछ में सामने आया है कि विमला देवी अपने बेटे और बहू के साथ रहती हैं. उनके बेटे और बहू दोनों पेशे से डॉक्टर हैं तथा ईएसआई (ESI) अस्पताल में कार्यरत हैं. परिजनों के अनुसार, विमला देवी पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव (डिप्रेशन) से जूझ रही हैं और उनका इलाज भी चल रहा था. इसी अवसाद के चलते उन्होंने यह कदम उठाया.

