बांसवाड़ा जिले के दानपुर थाना क्षेत्र के भाटिया महुड़ा गांव में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. यहाँ मोबाइल देखने से टोकने और पढ़ाई के लिए कहने पर एक 12वीं कक्षा की छात्रा ने गुस्से में आकर फांसी लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया. परिजनों की तत्परता से छात्रा को फंदे से नीचे उतारा गया, जिसे गंभीर हालत में महात्मा गांधी (MG) अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
मां ने पढ़ाई के लिए टोका, तो आ गया गुस्सा
छात्रा के बड़े भाई हरीश ने बताया कि उसकी छोटी बहन शिल्पा पुत्री कैलाश डिंडोर इस वर्ष 12वीं कक्षा की छात्रा है. सोमवार सुबह शिल्पा मोबाइल देख रही थी, तभी उसकी मां ने उसे पढ़ाई पर ध्यान देने और घर के काम में हाथ बंटाने की सलाह दी. इस दौरान मां ने शिल्पा के हाथ से मोबाइल ले लिया. मां की यह बात शिल्पा को इतनी बुरी लगी कि वह आवेश में आ गई और गुस्से में खुद को कमरे के अंदर बंद कर लिया.
दुपट्टे का बनाया फंदा, परिजनों ने बचाया
कमरा बंद होने के काफी देर बाद तक जब अंदर से कोई आवाज या हलचल नहीं हुई, तो परिजनों को अनहोनी की आशंका हुई. खिड़की या दरवाजे से झांककर देखा गया तो शिल्पा कमरे में दुपट्टे के फंदे से लटकी हुई मिली. परिजनों ने तुरंत दरवाजा तोड़कर उसे नीचे उतारा और आनन-फानन में जिला अस्पताल लेकर दौड़े.
अस्पताल में उपचार जारी
फिलहाल छात्रा को एमजी अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टरों की टीम उसका उपचार कर रही है. भाई हरीश ने बताया कि मां का उद्देश्य केवल उसे पढ़ाई के लिए प्रेरित करना था, लेकिन मोबाइल लिए जाने से वह इतनी नाराज हो गई कि उसने यह खौफनाक कदम उठा लिया.

