डूंगरपुर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने शुक्रवार को श्री भोगीलाल पंड्या राजकीय महाविद्यालय के मुख्य द्वार पर जोरदार प्रदर्शन किया. कार्यकर्ताओं ने कॉलेज के मुख्य गेट को बंद कर नारेबाजी की और धरने पर बैठ गए. इसके बाद छात्रसंघ चुनाव पुन: शुरू कराने सहित विभिन्न समस्याओं के समाधान को लेकर उच्च शिक्षा मंत्री के नाम कॉलेज प्राचार्य को ज्ञापन सौंपा.

3 साल से चुनाव न होने से छात्रों की आवाज हुई बंद
एबीवीपी के छात्रावास कार्यप्रमुख अनिल धमलात और राजेंद्र खराड़ी के नेतृत्व में एकत्र हुए छात्रों ने राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. छात्र नेताओं ने कहा कि पिछले तीन शैक्षणिक सत्रों से राज्य में छात्रसंघ चुनाव नहीं कराए गए हैं. इसके चलते कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में विद्यार्थियों की समस्याओं को उठाने वाला कोई प्रतिनिधि मौजूद नहीं है. उन्होंने कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार ने चुनाव पर रोक लगाई थी और मौजूदा भाजपा सरकार भी इस फैसले को आगे बढ़ा रही है, जो छात्र हितों के साथ सीधा खिलवाड़ है.
कॉलेजों में प्राचार्यों और व्याख्याताओं के खाली पद भरने की मांग
प्रदर्शनकारी छात्रों ने जिले के उच्च शिक्षण संस्थानों की बदहाल स्थिति पर भी गहरा रोष जताया. उन्होंने बताया कि डूंगरपुर जिले के अधिकांश सरकारी कॉलेजों में स्थायी प्राचार्य नहीं हैं और व्याख्याताओं (लेक्चरर्स) के दर्जनों पद लंबे समय से खाली पड़े हैं. इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है.
मांगें पूरी न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी
एबीवीपी नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार ने छात्रसंघ चुनाव की तिथि घोषित नहीं की और कॉलेजों में रिक्त पदों को जल्द नहीं भरा, तो विद्यार्थी परिषद पूरे जिले में चरणबद्ध तरीके से उग्र आंदोलन करने को मजबूर होगी.

