राजस्थान के डूंगरपुर जिले से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली खबर सामने आई है. बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र के मांडवा बियोला गांव में शनिवार को एक 9 वर्षीय मासूम का शव घर के पास ही एक पेड़ से फंदे पर लटका मिला. इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है. पुलिस मामले की जांच कर रही है कि यह महज एक हादसा है या कुछ और.
मां गई थी गेहूं साफ करने, पीछे से घट गई घटना
मृतक की पहचान 9 वर्षीय निकुल पुत्र सोहन कलासुआ के रूप में हुई है, जो गांव के ही मां बाड़ी केंद्र में चौथी कक्षा का छात्र था. जानकारी के अनुसार, निकुल की मां हंसा सुबह अपने दोनों बेटों, निकुल और 11 वर्षीय अंकित को खाना खिलाकर पास के गांव हथौड़ में गेहूं साफ करने (मजदूरी) गई थी. घर पर निकुल अपनी दादी सरोज के साथ था, जबकि उसके दादा स्कूल में काम पर गए थे और पिता गुजरात में हीरा घिसाई का काम करते हैं.
बड़े भाई की चीख सुनकर दौड़े ग्रामीण
दोपहर के समय अचानक निकुल घर के पास ही एक बबूल के पेड़ पर रस्सी के फंदे से लटका पाया गया. जब उसका बड़ा भाई अंकित उसे ढूंढते हुए वहां पहुंचा, तो भाई की हालत देख उसकी चीख निकल गई. अंकित के चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे. आनन-फानन में मासूम को फंदे से नीचे उतारकर डूंगरपुर जिला अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी. अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया.
पुलिस जांच और पोस्टमार्टम का इंतजार
घटना की सूचना मिलते ही बिछीवाड़ा थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और शव को मोर्चरी में रखवाया. पुलिस का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो पाएगा. प्रारंभिक तौर पर यह आशंका जताई जा रही है कि शायद खेल-खेल में फंदा गले में फंस गया होगा, लेकिन पुलिस हर पहलू से मामले की तफ्तीश कर रही है. मासूम की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.

