उदयपुर जिले के ओगणा थाना क्षेत्र में रविवार को एक पुलिसकर्मी द्वारा आत्मघाती कदम उठाए जाने की बेहद दुखद और सनसनीखेज घटना सामने आई है. थाने में तैनात एक पुलिस कांस्टेबल ने अपने किराए के कमरे में फंदे पर लटककर आत्महत्या कर ली. इस घटना के बाद से ही स्थानीय पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है और हड़कंप मच गया है.
5 साल से ओगणा थाने में थे तैनात

मृतक कांस्टेबल की पहचान मनोज (पुत्र जगदीश) के रूप में हुई ह. मनोज मूलतः उदयपुर जिले के खेरवाड़ा क्षेत्र स्थित माली फला (सरेरा गांव) के निवासी थे. वे पिछले करीब पांच वर्षों से ओगणा थाना क्षेत्र में निष्ठापूर्वक अपनी सेवाएं दे रहे थे.
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, कांस्टेबल मनोज शनिवार रात अपनी नियमित ड्यूटी पूरी करने के बाद थाने के पास स्थित अपने किराए के कमरे पर सोने चले गए थे. रविवार सुबह जब वे काफी देर तक बाहर नहीं निकले और ड्यूटी पर भी नहीं पहुंचे, तो साथी पुलिसकर्मियों ने उनके कमरे पर जाकर जांच की. खिड़की से देखने पर मनोज कमरे के अंदर फंदे से लटके हुए मिले.
परिजनों को दी गई सूचना
साथी पुलिसकर्मियों ने तुरंत वरिष्ठ अधिकारियों को घटना से अवगत कराया. सूचना मिलते ही पुलिस का आला अधिकारी और जाब्ता मौके पर पहुंचा. शव को फंदे से उतारकर झाड़ोल उप जिला चिकित्सालय की मोर्चरी में रखवाया गया है, जहां आज परिजनों की मौजूदगी में पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जाएगी.
आत्महत्या के कारणों की जांच जारी
पुलिस ने मृतक कांस्टेबल के परिजनों को घटना की जानकारी दे दी है. फिलहाल मौके से कोई सुसाइड नोट मिला है या नहीं, इसकी पुष्टि होना बाकी है. ओगणा थाना पुलिस मामला दर्ज कर आत्महत्या के कारणों की गहनता से जांच कर रही है और हर पहलू को खंगाला जा रहा है.

