उदयपुर जिले के ऋषभदेव थाना क्षेत्र से इस वक्त की एक बेहद दुखद और बड़ी खबर सामने आ रही है. थाना क्षेत्र के अंबा घाटी पीपली ‘ए’ के पास बने डैम को तैरकर पार करने के प्रयास में एक 35 वर्षीय युवक की डूबने से मौत हो गई. घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई और मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई.
तैरकर पार करते समय झाड़ियों में फंसा पैर
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आज मंगलवार सुबह करीब 9:00 बजे गणेश (35) पिता हीरालाल कालबेलिया अंबा घाटी पीपली ‘ए’ के समीप बने डैम को तैरकर पार कर रहा था. इसी दौरान पानी के अंदर मौजूद झाड़ियों में उसका पैर अचानक फंस गया. खुद को झाड़ियों से निकालने के संघर्ष में युवक गहरे पानी में समा गया और डूब गया.
ग्रामीणों के 4 घंटे के प्रयास रहे विफल
हादसे को देखते ही स्थानीय ग्रामीण तुरंत मदद के लिए आगे आए. ग्रामीणों ने अपने स्तर पर युवक को बचाने और उसे पानी से बाहर निकालने के लिए करीब 4 घंटे तक अथक प्रयास किए. लेकिन पानी गहरा होने और सटीक लोकेशन न मिल पाने के कारण ग्रामीणों को सफलता हाथ नहीं लगी.
सिविल डिफेंस की टीम ने 5 मिनट में किया रेस्क्यू
स्थानीय स्तर पर सफलता नहीं मिलने के बाद घटना की सूचना राजस्थान नागरिक सुरक्षा विभाग (जिला आपदा, उदयपुर) के उप नियंत्रक श्रीमान दीपेंद्र सिंह राठौड़ को दी गई. सूचना मिलते ही उप नियंत्रक राठौड़ ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल एक विशेष रेस्क्यू टीम का गठन किया और उसे घटना स्थल के लिए रवाना किया.
नागरिक सुरक्षा विभाग की रेस्क्यू टीम जैसे ही मौके पर पहुंची, उन्होंने बिना समय गंवाए पानी में सर्च ऑपरेशन शुरू किया. टीम के जांबाज गोताखोरों ने अपनी कुशलता का परिचय देते हुए महज 5 मिनट के भीतर युवक के शव को ढूंढ निकाला और पानी से बाहर ले आए.
पुलिस को सुपुर्द किया शव
शव को बाहर निकालने के बाद सिविल डिफेंस की टीम ने उसे स्थानीय ऋषभदेव थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया है. पुलिस ने शव को मोर्चरी में रखवाया है और मामले की जांच शुरू कर दी है. इस त्वरित रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम देने वाली टीम में मुख्य रूप से गोताखोर विपुल चौधरी, विजय नकवाल, भवानी शंकर वाल्मीकि, बोट ऑपरेटर कैलाश मेनारिया और वाहन चालक मोहन सिंह राणावत मौजूद रहे, जिन्होंने तत्परता से अपनी जिम्मेदारी निभाई.

