बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ थाना क्षेत्र में हुई सनसनीखेज डकैती की वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. पुलिस अधीक्षक सुधीर जोशी के निर्देशन में थानाधिकारी प्रवीण सिंह की टीम ने कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय गैंग के तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 6 किलोग्राम चांदी के जेवरात बरामद किए हैं.
रंजिश और कर्ज चुकाने के लिए रची साजिश
पुलिस जांच में सामने आया कि वारदात का मुख्य सूत्रधार कुशलगढ़ निवासी जितेन्द्र जोशी उर्फ जीतू है. जितेन्द्र ने पीड़ित व्यापारी अशोक अग्रवाल से ब्याज पर एक लाख रुपये लिए थे. जितेन्द्र के पिता की मौत के बाद व्यापारी द्वारा पैसों के लिए दबाव बनाने पर उसने रंजिश पाल ली.
वर्ष 2020 में जेल में रहने के दौरान जितेन्द्र की मुलाकात मध्य प्रदेश के झाबुआ निवासी शातिर अपराधी रमेश से हुई थी. कर्ज चुकाने और बदला लेने की नीयत से जितेन्द्र ने रमेश और उसके साथियों के साथ मिलकर डकैती का पूरा ताना-बाना बुना.
खिड़की-दरवाजे तोड़कर की थी वारदात
गौरतलब है कि 13 जुलाई की रात बदमाशों ने व्यापारी अशोक अग्रवाल के मकान के पीछे का दरवाजा और कुंडे तोड़कर प्रवेश किया था. लुटेरों ने अलमारियाँ खंगालकर लाखों के सोने-चांदी के आभूषण व नकदी पार कर दिए थे.
मुखबिर और तकनीकी सर्विलांस से पकड़े गए आरोपी
मामले की गंभीरता को देखते हुए गठित पुलिस टीम के हेड कांस्टेबल हेमंत कुमार को मुखबिर से सूचना मिली कि हार्डकोर अपराधी जितेन्द्र ‘जटा’ अचानक फिजूलखर्ची और पार्टियां कर रहा है. पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने सारा राज उगल दिया.
गिरफ्तार आरोपी:
- जितेन्द्र जोशी उर्फ जीतू (52): निवासी कुशलगढ़, बांसवाड़ा.
- रमेश वसुनिया (48): निवासी झाबुआ, मध्य प्रदेश.
- टीटू वसुनिया (45): निवासी झाबुआ, मध्य प्रदेश.
पुलिस आरोपियों से शेष माल बरामदगी और अन्य सहयोगियों की गिरफ्तारी को लेकर पूछताछ कर रही है.

