उदयपुर-चित्तौड़गढ़ नेशनल हाईवे-48 पर गुरुवार को एक बड़ा और हृदयविदारक सड़क हादसा सामने आया है. प्रतापनगर थाना क्षेत्र के देबारी पावर हाउस के पास एक के बाद एक करीब एक दर्जन वाहन आपस में टकरा गए. इस भीषण श्रृंखला दुर्घटना (Chain Reaction Collision) में दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं.
कैसे हुआ हादसा?
हादसा देबारी पावर हाउस के पास उस समय हुआ जब हाईवे पर वाहनों की रफ्तार तेज थी. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक वाहन के अचानक रुकने या अनियंत्रित होने के कारण पीछे से आ रहे वाहन एक-दूसरे में घुसते चले गए. टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कारों और अन्य छोटे वाहनों के परखच्चे उड़ गए. चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मदद के लिए दौड़े और पुलिस को सूचना दी.
राहत और बचाव कार्य
सूचना मिलते ही प्रतापनगर थाना पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंची. पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से वाहनों में फंसे घायलों को बाहर निकाला और तुरंत एम्बुलेंस के जरिए अस्पताल भिजवाया. मृतकों के शवों को मोर्चरी में रखवाया गया है. घायलों में से कुछ की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है, जिससे हताहतों की संख्या बढ़ने की आशंका है.
हाईवे पर लगा कई किलोमीटर लंबा जाम
एक साथ दर्जन भर वाहनों के हाईवे के बीचों-बीच टकराने के कारण यातायात पूरी तरह ठप हो गया. हादसे के बाद नेशनल हाईवे-48 पर कई किलोमीटर लंबा वाहनों का जाम लग गया. पुलिस टीम ने क्रेन मंगवाकर क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से किनारे करने का काम शुरू किया है. समाचार लिखे जाने तक पुलिस यातायात सुचारू करने के प्रयासों में जुटी थी.
प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे हाईवे पर गति सीमा का ध्यान रखें और सुरक्षित दूरी बनाए रखें. पुलिस फिलहाल हादसे के सटीक कारणों की जांच कर रही है.

