डूंगरपुर जिले के दोवड़ा थाना क्षेत्र के पगारा गांव से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है. यहां पांच बच्चों की मां ने अज्ञात कारणों के चलते अपने ही घर में फांसी का फंदा लगाकर जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है, वहीं पुलिस मामले की गुत्थी सुलझाने में जुटी है.
मजदूरी पर गया था पति, पीछे से घटी घटना
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतका की पहचान निर्मला (35), पत्नी रमेश परमार के रूप में हुई है. रमेश और निर्मला की शादी वर्ष 2007 में हुई थी. उनके परिवार में तीन बेटियां और दो बेटे हैं. बताया जा रहा है कि होली का त्योहार मनाने के बाद रमेश अपने परिवार के भरण-पोषण के लिए मजदूरी करने गुजरात चला गया था.
23 मार्च की रात अचानक परिजनों ने रमेश को फोन पर सूचना दी कि निर्मला ने घर के अंदर फंदा लगा लिया है. सूचना मिलते ही आनन-फानन में परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन दुर्भाग्यवश चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया.
विवाद की बात से पति का इनकार
इस मामले में सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि प्राथमिक पूछताछ में किसी बड़े विवाद की बात सामने नहीं आई है. मृतका के पति रमेश ने पुलिस को बताया कि उनके बीच किसी तरह का कोई झगड़ा या मनमुटाव नहीं था. घर की स्थिति सामान्य थी, ऐसे में निर्मला ने इतना आत्मघाती कदम क्यों उठाया, यह परिवार और पुलिस दोनों के लिए पहेली बना हुआ है.
पुलिस जांच में जुटी
दोवड़ा थाना पुलिस ने मृतका के शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है. पुलिस ने फिलहाल मामला दर्ज कर लिया है और हर पहलू से जांच शुरू कर दी है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या महिला किसी मानसिक तनाव में थी या आत्महत्या के पीछे कोई अन्य पारिवारिक कारण छिपा है.

